समय-सीमा की बैठक
जिले में जनगणना कार्य, सुशासन एक्सप्रेस शिविरों के आयोजन और स्कूल केईन्ता अंतर्गत विद्यार्थियों को आश्रम छात्रावासों में प्रेवेश दिलाना सुनिश्चित करें – कलेक्टर नम्रता जैन
पिड़ियाकोट के निर्माण कार्य को निरीक्षण करने एवं ग्रामीणों का राशनकार्ड बनाने के निर्देश
ग्राम पंचायतों के नोडल अधिकारियों को नियमित रूप से निरीक्षण करने के निर्देश
नारायणपुर, 27 अपै्रल 2026// जिला कार्यालय के सभाकक्ष में कलेक्टर नम्रता जैन की अध्यक्षता में साप्ताहिक समय-सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई। साथ ही लंबित प्रकरणों पर भी गहन चर्चा करते हुए उनके शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी विभाग अपने-अपने कार्यों में तेजी लाएं और यह सुनिश्चित करें कि कोई भी प्रकरण निर्धारित समय-सीमा से लंबित न रहे। उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं का लाभ समय पर आम जनता तक पहुंचना चाहिए, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक के दौरान कलेक्टर ने विभागवार समीक्षा करते हुए कार्यों की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निराकृत करें तथा नियमित मॉनिटरिंग के माध्यम से प्रगति सुनिश्चित करें। इस अवसर पर जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे और उन्होंने अपने-अपने विभागों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
उन्होंने जनगणना कार्य, सुशासन एक्सप्रेस शिविरों के आयोजन और स्कूलों से जुड़े कार्यों को गंभीरता से पूरा करने पर जोर दिया। कलेक्टर ने कहा कि जनगणना कार्य में संबंधित अधिकारी समय-सीमा में शत-प्रतिशत कार्य पूर्ण करना सुनिश्चित करें। इसके साथ ही, सुशासन एक्सप्रेस शिविरों के माध्यम से आम जनता की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जाए। शिक्षा के क्षेत्र में विशेष ध्यान देते हुए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले के सभी पात्र विद्यार्थियों का आश्रम शालाओं में शत-प्रतिशत प्रवेश सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने जिले में संचालित नियद नेल्लानार अंतर्गत कैंपों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों से जानकारी ली। प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार जिले में कुल 38 कैंप संचालित हैं, जिनमें ओरछा क्षेत्र में 37 एवं नारायणपुर में 1 कैंप शामिल है। इन कैंपों के अंतर्गत कुल 116 ग्राम और 26 ग्राम पंचायतों को कवर किया जा रहा है। समीक्षा के दौरान बताया गया कि अब तक 109 ग्रामों में सर्वेक्षण कार्य पूर्ण किया जा चुका है, जिसमें 4069 परिवारों के 18,551 लोगों (ओरछा) तथा 233 परिवारों के 996 लोगों (नारायणपुर) सहित कुल 4302 परिवारों के 19,547 लोगों की जानकारी संकलित की गई है। कलेक्टर ने विशेष रूप से सर्वे प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि शेष ग्रामों में सर्वे कार्य शीघ्र पूर्ण किया जाए। साथ ही यह भी बताया गया कि अब तक 7 ग्रामों में सर्वे कार्य प्रगति पर है। बैठक में अधिकारियों ने जानकारी दी कि कुछ ग्रामों को वर्तमान में विरान श्रेणी में रखा गया है, जिनमें नेलांगुर कैंप का डोडरे, पदमेटा कैंप का तालाबाड़ा तथा काकुर कैंप का काकुर शामिल हैं। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सर्वेक्षण के आधार पर पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं का लाभ प्राथमिकता से दिया जाए तथा प्रत्येक कैंप में नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए।
बैठक के दौरान कलेक्टर नम्रता जैन ने नियद नेल्लानार योजना अंतर्गत चयनित ग्रामों में संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से राशन कार्ड, आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, वोटर आईडी सहित अन्य आवश्यक दस्तावेजों की उपलब्धता की जानकारी ली। इसके साथ ही जनधन योजना, विद्युतीकृत घर, प्रधानमंत्री आवास, जॉब कार्ड, जननी सुरक्षा योजना, उज्ज्वला योजना, मातृत्व वंदन योजना, नोनी सुरक्षा योजना, जाति प्रमाण पत्र, श्रम कार्ड, दिव्यांग पेंशन, विधवा पेंशन एवं वृद्धा पेंशन जैसी योजनाओं की प्रगति पर भी विस्तार से चर्चा की गई। उन्होंने निर्देश दिए कि चयनित ग्रामों में सभी पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ सुनिश्चित किया जाए। जिन हितग्राहियों के दस्तावेज अधूरे हैं, उन्हें शीघ्र पूर्ण कराया जाए ।
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत वित्तीय वर्ष 2016-23 एवं 2024-26 के साथ आत्मसमर्पित एवं नक्सल पीड़ित परिवारों के लिए स्वीकृत आवासों की भौतिक प्रगति की जानकारी ली गई। इसके अलावा स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) अंतर्गत सामुदायिक एवं व्यक्तिगत शौचालय निर्माण, कचरा संग्रहण और ओडीएफ प्लस की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन एवं लखपति महिला पहल के अंतर्गत प्रगति, परिवारों के समावेशन, वन अधिकार पत्रों के डिजिटलीकरण और नामांतरण की स्थिति की जानकारी प्राप्त की। साथ ही अबुझमाड़ विकास अभिकरण के तहत स्वीकृत कार्यों और आदिवासी विकास शाखा अंतर्गत संचालित योजनाओं पर भी चर्चा की गई। शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के तहत मरम्मत कार्य, छात्रावास एवं आश्रमों में प्रवेश, उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम, न्योता भोज, स्कूलों में नाश्ता प्रदाय, तथा कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों को जारी जाति प्रमाण पत्रों की स्थिति की जानकारी ली गई।
स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत पोषण पुनर्वास केंद्र, राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम, हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं का चिन्हांकन, टीकाकरण, संस्थागत प्रसव, एनीमिया जांच, हृदय जांच, मोतियाबिंद ऑपरेशन, निर्माणाधीन एवं भवन विहीन स्वास्थ्य केंद्रों की स्थिति की समीक्षा की गई। साथ ही प्रधानमंत्री मातृत्व योजना और नोरी सुरक्षा योजना के लाभार्थियों की जानकारी भी ली गई। महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालय एवं पेयजल व्यवस्था, टेक होम राशन वितरण और महतारी वंदन योजना के छूटे हितग्राहियों के पंजीयन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। कृषि एवं अन्य विभागों की समीक्षा में धान उठाव की प्रगति, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, किसान क्रेडिट कार्ड, पशु टीकाकरण, जल शक्ति अभियान, राशन कार्ड ई-केवाईसी , नशामुक्ति भारत अभियान के तहत किए गए कार्यों की जानकारी ली गई। इसके अतिरिक्त राजस्व प्रकरणों की साप्ताहिक प्रगति, आरबीसी 6-4 के प्रकरण, भू-अभिलेख सर्वे सहित अन्य लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने सभी कार्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी विभाग समन्वय के साथ कार्य करते हुए शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक सुनिश्चित करें। बैठक के अंत में कलेक्टर नम्रता जैन के द्वारा आयोजित जिला स्तरीय स्वास्थ्य शिविर में बेहतर कार्य किये जाने पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. टीआर कुंवर और डीपीएम राजीव कुमार सिंह बघेल को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया।
बैठक में सीईओ जिला पंचायत आकांक्षा शिक्षा खलखो, अपर कलेक्टर बीरेन्द्र बहादुर पंचभाई, एसडीएम अभयजीत मंडावी, डॉ. सुमित गर्ग, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास डॉ. राजेन्द्र सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी अशोक कुमार पटेल, जनपद सीईओ सुनील कुमार सोनपिपरे, जिला कार्यक्रम अधिकारी लुपेन्द्र महिलांग, लोकेश चतुर्वेदी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।



